मन लागो मेरो यार फकीरी में ॥ Bani Kabir Sahib Ji
Satnam Divine
0:00 / 0:00
मन लागो मेरो यार फकीरी में ॥ Bani Kabir Sahib Ji
232 просмотра · 3 недели назад
Satnam Divine
407 подписчиков
232 просмотра · 3 недели назад
मन लागो मेरो यार फकीरी में ॥ टेक ॥
जो सुख पावो नाम भजन में, सो सुख नाहिं अमीरी में॥ भला बुरा सब को सुन लीजै, कर गुजरान गरीबी में ॥ प्रेम नगर में रहनि हमारी, भलि बनि आई सबूरी' में॥ हाथ में कूँड़ी बगल में सोंटा, चारो दिसा जगीरी में ॥ आखिर यह तन खाक मिलैगा, कहा फिरत मगरूरी' में॥ कहैं कबीर सुनो भाई साधो, साहेब मिलै सबूरी में ॥