चमत्कारी कानीवाड़ा हनुमान जी मंदिर की पूरी कहानी , बिना छत के बालाजी मंदिर के साथ मूर्ति भी बढ़ती गई
जालोर खोज खबर
0:00 / 0:00
चमत्कारी कानीवाड़ा हनुमान जी मंदिर की पूरी कहानी , बिना छत के बालाजी मंदिर के साथ मूर्ति भी बढ़ती गई
56 502 просмотра · 5 л. назад
जालोर खोज खबर
63,1 тыс. подписчиков
56 502 просмотра · 5 л. назад
जालोर. जिला मुख्यालय के नजदीक कानीवाड़ा में बाला हनुमान मंदिर चमत्कारिक है। पुजारी मिश्रीमल ने बताया कि करीब पांच सौ वर्ष पहले यहां जमीन से बाला हनुमान की मूर्ति प्रकट हुई। यह एक ऐसी मूर्ति है, जिसमें हनुमानजी पांव जोड़कर बैठे हैं। यह मूर्ति सूर्यमुखी है। पिछले लंबे समय से बाला हनुमान बिना छत के बिराजे हुए हैं। यहां मंदिर का निर्माण और दीवारों की ऊंचाई बढ़ाई, लेकिन साथ-साथ मूर्ति की ऊंचाई भी अपने आप ही बढ़नी शुरू हो गई। इसलिए मंदिर को चमत्कारिक हनुमान भी कहते हैं।
हमे फेसबुक पर फॉलो करे 👇
.facebook.com/जालोर-खोज-खबर-1945000835518054
कोई खबर देने के लिए आप हमारे व्हाट्सएप नंबर पर संपर्क कर सकते हैं - 8529780448
हमें टि्वटर पर फॉलो करें 👇 / bplexzf SmPgpSFu?s।=09
#balajimandir#
#kaaniwada_mandir#
Thanks for watching 🙏🙏