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माँ लक्ष्मी के आशीर्वाद के लिए दीपावली पर अवश्य करें महालक्ष्मी के १८ पुत्रों का दिव्य स्तोत्र पाठ!

उद्दंड मार्तंड 𝑼𝒅𝒅𝒂𝒏𝒅 𝑴𝒂𝒓𝒕𝒂𝒏𝒅

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माँ लक्ष्मी के आशीर्वाद के लिए दीपावली पर अवश्य करें महालक्ष्मी के १८ पुत्रों का दिव्य स्तोत्र पाठ!

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📜 🪔 श्रीमहालक्ष्मी-अष्टादशपुत्र-दीपावली-मङ्गलस्तोत्रम् 🪔 दीपावली का पावन पर्व माता महालक्ष्मी की आराधना, दीपदान और सुख-समृद्धि की मंगलकामना का महापर्व है। इस विशेष प्रस्तुति में माता महालक्ष्मी से सम्बद्ध अष्टादश पुत्रों के नामों का स्मरण करते हुए श्रीमहालक्ष्मी-अष्टादशपुत्र-दीपावली-मङ्गलस्तोत्रम् प्रस्तुत किया गया है। इस स्तोत्र में सम्मिलित हैं— मंगलाचरण ध्यानम् विनियोगः ऋष्यादिन्यासः करन्यासः अङ्गन्यासः अर्गलास्तोत्रम् कीलकस्तोत्रम् कुंजिकास्तोत्रम् अष्टादशपुत्रस्तोत्रम् फलश्रुतिः 🌺 स्तोत्र पाठ का आध्यात्मिक उद्देश्य माता महालक्ष्मी एवं उनके अष्टादश पुत्रों का श्रद्धापूर्वक स्मरण करके धन-धान्य, विद्या, बुद्धि, यश, कीर्ति, सौभाग्य और पारिवारिक मंगल की प्रार्थना करें। 🪔 दीपावली के शुभ अवसर पर दीप प्रज्वलित करके स्वच्छ एवं पवित्र स्थान पर बैठें और श्रद्धापूर्वक स्तोत्र का पाठ करें। 🙏 माता महालक्ष्मी की कृपा आप सभी पर बनी रहे। __ ॥ श्रीमहालक्ष्मी-अष्टादशपुत्र-दीपावली-मङ्गलस्तोत्रम् ॥ ॥ मङ्गलाचरणम् ॥ ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं महालक्ष्म्यै नमः। श्रियः प्रसादसमुद्भूतान् कुलदीपान् मनोहरान्। वन्देऽष्टादशपुत्रांश्च लक्ष्मीकृपाविवर्धितान्॥ दीपज्योतिःप्रकाशेन सर्वमङ्गलमावहेत्। महालक्ष्मीप्रसादेन सर्वसम्पत्प्रवर्धताम्॥ ॥ ध्यानम् ॥ पद्मासीनां प्रसन्नास्यां सुवर्णाभां चतुर्भुजाम्। वराभयकरां देवीं ध्यायेल्लक्ष्मीं सनातनीम्॥ तत्प्रसादसमुद्भूतान् तेजोराशिसमन्वितान्। विभुं विक्रममजेयं च विजयादीन् स्मरेन्नरः॥ ॥ विनियोगः ॥ ॐ अस्य श्रीमहालक्ष्मी-अष्टादशपुत्र-दीपावली-मङ्गलस्तोत्रस्य श्रीलक्ष्मीनारायण ऋषिः। अनुष्टुप् छन्दः। श्रीमहालक्ष्मीर्देवता। अष्टादशपुत्राः शक्तयः। श्रीसमृद्धिसौभाग्यधनधान्यविद्याविजयप्राप्त्यर्थे दीपावल्यां पाठे विनियोगः॥ ॥ ऋष्यादिन्यासः ॥ ॐ श्रीलक्ष्मीनारायणऋषये नमः शिरसि। ॐ अनुष्टुप्छन्दसे नमः मुखे। ॐ श्रीमहालक्ष्म्यै देवतायै नमः हृदि। ॐ अष्टादशपुत्रशक्तिभ्यो नमः नाभौ। ॐ श्रीसमृद्ध्यर्थे विनियोगाय नमः सर्वाङ्गे॥ ॥ करन्यासः ॥ ॐ श्रीं अङ्गुष्ठाभ्यां नमः। ॐ ह्रीं तर्जनीभ्यां नमः। ॐ क्लीं मध्यमाभ्यां नमः। ॐ ऐं अनामिकाभ्यां नमः। ॐ सौः कनिष्ठिकाभ्यां नमः। ॐ महालक्ष्म्यै करतलकरपृष्ठाभ्यां नमः॥ ॥ अङ्गन्यासः ॥ ॐ श्रीं हृदयाय नमः। ॐ ह्रीं शिरसे स्वाहा। ॐ क्लीं शिखायै वषट्। ॐ ऐं कवचाय हुं। ॐ सौः नेत्रत्रयाय वौषट्। ॐ महालक्ष्म्यै अस्त्राय फट्॥ इति दिग्बन्धः॥ ॥ अर्गलास्तोत्रम् ॥ विभुर्विक्रमश्चाजेयः विजयश्च यशस्विनः। अष्टादशकुलदीपास्तु लक्ष्मीं मे प्रयच्छन्तु वै॥ ॥ कीलकस्तोत्रम् ॥ दारिद्र्यदुःखशमनं सौभाग्यस्य विवर्धनम्। लक्ष्मीपुत्रस्मृतिः पुण्या सर्वसिद्धिप्रदायिनी॥ ॥ कुंजिकास्तोत्रम् ॥ श्रीं ह्रीं क्लीं च ऐं सौः श्रीं लक्ष्मीपुत्रेभ्यो नमो नमः। दीपज्योतिःप्रभावेण मम गेहे स्थिरा श्रियः॥ ॥ श्रीमहालक्ष्मी-अष्टादशपुत्र-स्तोत्रम् ॥ विभुर्विभूतिसम्पन्नो विक्रमो वीर्यवर्धनः। अजेयो दुर्जयः शूरो विजयः सर्वमङ्गलः॥ अनलो ज्वलनप्रख्यो नीरजो निर्मलद्युतिः। अमरोऽमृतसङ्काशो नागेन्द्रो भोगदायकः॥ सुरेशः सुरवन्द्यश्च श्रीमन्तः श्रीविवर्धनः। सोमोऽमृतमयः शान्तो धरणीधरधारकः॥ अतुलोऽतुलसामर्थ्योऽशोको दुःखविनाशकः। सुदर्शनः शुभदृष्टिः सिद्धार्थः सिद्धिदायकः॥ गणेश्वरो गणाध्यक्षो लोकपालनतत्परः। एते लक्ष्मीप्रसूताश्च कुलदीपा मनोहराः॥ विभवादिसमायुक्ता धर्ममार्गप्रकाशकाः। मातुर्लक्ष्म्याः प्रसादेन तेजसा परिपूरिताः॥ दीपोत्सवे समाराध्याः पुष्पधूपप्रदीपकैः। स्मरणादेव भक्तानां कुर्वन्तु शुभसम्पदम्॥ ॥ फलश्रुतिः ॥ इदं स्तोत्रं पठेद्भक्त्या दीपावल्यां विशेषतः। महालक्ष्मीप्रसादेन लभते श्रीधनधान्यकम्॥ विद्यां बुद्धिं यशः कीर्तिं सौभाग्यं च निरन्तरम्। गृहं तस्य भवेत्पूर्णं दीपज्योतिःप्रकाशितम्॥ सर्वे भवन्तु सुखिनः सर्वे सन्तु निरामयाः। महालक्ष्मीप्रसादेन सर्वमङ्गलमस्तु नः॥ ॥ इति श्रीमहालक्ष्मी-अष्टादशपुत्र-दीपावली-मङ्गलस्तोत्रं सम्पूर्णम् ॥ __ 📖 पाठविधि 1\. दीपावली के दिन प्रातः अथवा सायंकाल स्नान करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें। 2\. पूजास्थल पर माता महालक्ष्मी की प्रतिमा अथवा चित्र स्थापित करें। 3\. माता के समक्ष घी अथवा तिल के तेल का दीपक प्रज्वलित करें। 4\. पुष्प, अक्षत, चन्दन, धूप, दीप एवं नैवेद्य अर्पित करें। 5\. सर्वप्रथम गणेशजी का स्मरण करके माता महालक्ष्मी का ध्यान करें। 6\. विनियोग एवं न्यास सम्पन्न करके अर्गला, कीलक तथा कुंजिका का पाठ करें। 7\. तत्पश्चात अष्टादशपुत्र स्तोत्र का श्रद्धापूर्वक पाठ करें। 8\. अंत में फलश्रुति का पाठ करके माता महालक्ष्मी से सुख, शान्ति एवं समृद्धि की प्रार्थना करें। 9\. परिवार के सभी सदस्यों के मंगल की कामना करते हुए आरती एवं प्रसाद वितरण करें। 🔖 #Mahalakshmi #MahalakshmiStotram #AshtadashaPutra #LakshmiPutra #DiwaliSpecial #Deepawali2026 #DiwaliPuja #LakshmiPuja #MahalakshmiMantra #SanskritStotram #LakshmiStotra #DiwaliSpecialStotram #SanatanDharma #HinduDevotion #DhanSamriddhi #ShubhDeepawali