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Panchmukhi Hanuman Raksha Kavach | पंचमुखी हनुमान रक्षा कवच | Powerful Mantras For Protection

Ram Bhagat Gyan

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Panchmukhi Hanuman Raksha Kavach | पंचमुखी हनुमान रक्षा कवच | Powerful Mantras For Protection

26 просмотров · 13 ч назад
Ram Bhagat Gyan
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🚩 श्री पंचमुख हनुमत कवचम् | Shri Panchmukhi Hanumat Kavach – 11 Times 🚩 Experience the divine power and devotion of Shri Panchmukhi Hanuman Ji with this sacred recitation of the Panchmukhi Hanumat Kavach, presented for peaceful listening, prayer, and spiritual meditation. 🙏 पंचमुखी हनुमान जी की भक्ति को समर्पित इस पावन कवच-पाठ को श्रद्धा और एकाग्रता के साथ सुनें। यह वीडियो हनुमान जी के भक्तों के लिए पूजा, ध्यान और आध्यात्मिक साधना के समय उपयोगी है। ✨ इस वीडियो में: 🔸 Shri Panchmukhi Hanumat Kavach 🔸 11 Times Recitation 🔸 Powerful Sanskrit Mantra and Stotra 🔸 Peaceful Devotional Listening 🔸 Hanuman Bhakti and Spiritual Meditation पंचमुखी हनुमान जी के पाँच स्वरूपों का स्मरण करते हुए प्रभु श्री हनुमान के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त करें। 🙏 जय श्री राम | जय बजरंगबली | जय पंचमुखी हनुमान यदि आपको यह भक्तिमय प्रस्तुति पसंद आए, तो वीडियो को Like करें, अपने परिवार और मित्रों के साथ Share करें और ऐसे ही भक्ति संगीत एवं मंत्र-पाठ के लिए चैनल को Subscribe करें। Disclaimer: This video is intended for devotional and spiritual listening. Individual spiritual experiences and beliefs may vary. #PanchmukhiHanuman #HanumanKavach #HanumatKavach #HanumanJi #HanumanMantra #HanumanChalisa #Bajrangbali #HanumanBhakti #PanchmukhiHanumatKavach #हनुमानकवच #पंचमुखीहनुमान #बजरंगबली #जयश्रीराम 🙏 जय श्री राम | जय बजरंगबली | जय पंचमुखी हनुमान जी इस वीडियो में आप सुनेंगे पंचमुखी हनुमान जी का दिव्य कवच — एक ऐसा पवित्र स्तोत्र जो भक्तों को अद्भुत शक्ति, साहस और सुरक्षा प्रदान करता है। पंचमुखी रूप में हनुमान जी की आराधना करने से व्यक्ति के जीवन से भय, बाधा, नकारात्मक ऊर्जा, और शत्रुओं का नाश होता है। 🕉 पंचमुखी हनुमान जी के पाँच स्वरूपों का महत्व: पूर्वमुख (वानर मुख): सफलता, साहस और बल का वरदान देते हैं। दक्षिणमुख (नरसिंह मुख): भय और शत्रु पर विजय दिलाते हैं। पश्चिममुख (गरुड़ मुख): विष, रोग और दुष्ट शक्तियों से रक्षा करते हैं। उत्तरमुख (वराह मुख): धन, वैभव और सुख-समृद्धि प्रदान करते हैं। ऊर्ध्वमुख (हयग्रीव मुख): ज्ञान, बुद्धि और अध्यात्मिक उन्नति के दाता हैं। पंचमुखी हनुमान कवच का महत्व: यह कवच साधक को अदृश्य दिव्य सुरक्षा देता है, घर और जीवन से नकारात्मकता को दूर करता है, मनोबल और आत्मविश्वास को बढ़ाता है, और भक्त को भय व संकटों से मुक्त करता है। पाठ करने का उत्तम समय और विधि: मंगलवार, शनिवार या किसी भी शुभ मुहूर्त में। स्वच्छ स्थान पर दीपक और धूप जलाकर श्रद्धा से पाठ करें। मन को शांत रखकर हनुमान जी का ध्यान करें। इस वीडियो में आपको मिलेगा: पंचमुखी हनुमान कवच का संपूर्ण दिव्य पाठ शांत और गूंजती हुई वाणी में प्रस्तुति सकारात्मक ऊर्जा और भक्ति का अनुभव ध्यान, साधना और आराधना के लिए उपयुक्त संगीत ✨ लाभ: ✅ नकारात्मक शक्तियों से रक्षा ✅ जीवन में सफलता और शांति ✅ स्वास्थ्य और मानसिक संतुलन ✅ परिवार में सुख-समृद्धि ✅ अध्यात्मिक उन्नति और ईश्वरीय कृपा 🔔 कृपया वीडियो को Like, Share और Subscribe करना न भूलें, आपका समर्थन ही इस भक्ति यात्रा को आगे बढ़ाता है। Lyrics: ॐ श्री गणेशाय नमः ॐ श्री रामाय नमः। ॐ पञ्चमुखे हनुमते नमः। पञ्चवक्त्रं महाभीमं त्रिनेत्रं च महाबलम्। सिंहिकागर्भसंभूतं हनुमन्तं नमाम्यहम्॥ ॐ हं हनुमते रक्ष रक्ष सर्वतो माम्। ॐ हं हनुमते रक्ष रक्ष सर्वतो माम्। पूर्वे हनुमान् कपिमुखधारी रक्षतु माम्। दक्षिणे नारसिंहवपुर्मां सदा पातु। पश्चिमे गरुडरूपवान् रक्षतु। उत्तरदिशि वराहरूपः सदा रक्षतु माम्। ऊर्ध्वे हयग्रीवविग्रहः पातु मे शिरः। अधस्तात् ब्रह्मास्त्ररूपः पातु पादयुग्मं सदा मम॥ अष्टदिशि रक्षतु पञ्चवक्त्रः स्वप्ने जाग्रति गच्छतः पश्यतः शयानं, पश्यन्तं हसन्तं चलन्तं सर्वदा रक्षतु हनुमान् महाबलः॥ ॐ अञ्जनीसुताय महाबलाय रामदूताय नमः। ॐ किलकिलाय वीराय विक्रान्ताय नमो नमः। ॐ भूतप्रेतपिशाचादिनाशाय स्वाहा। ॐ असिधाराकृशानुवत् कवचं मे हनुमान् स्थापयतु॥ रामभक्ताय रामदूताय हनुमते नमः। सर्वशत्रुनिवारणाय कवचं पठेत्। रक्षां कुरु महाबाहो त्राहि त्राहि नमोऽस्तुते॥ ॐ हं हनुमते नमः। ॐ हं हनुमते नमः। ॐ ऊँ अञ्जनीगर्भसंभूतमारुतात्मजमुत्तमम्। श्रीरामप्रियं भक्तं वन्दे लङ्काभयङ्करम्॥१॥ पञ्चमुखं धरं देवं हनुमन्तं नमाम्यहम्। पूर्वं तु वानरं वक्त्रं कोटिसूर्यसमप्रभम्॥२॥ दक्षिणे नारसिंहं च भयनाशं सदा स्मरेत्। पश्चिमे गरुडं वक्त्रं वक्रतुण्डं महाबलम्॥३॥ उत्तरं तु वराहं च कामरूपं महाबलम्। ऊर्ध्वं हयग्रीवमुखं शङ्खचक्रगदाधरम्॥४॥ एवं पञ्चमुखं रूपं हनूमन्तं महाबलम्। यो स्मरेत् प्रातरुत्थाय सर्वशत्रुभयं हरेत्॥५॥ नासयेत् दु:स्वप्नमशुभं दुष्टग्रहसमुद्भवम्। अभिचाराणि सर्वाणि मन्त्रतन्त्राणि भूतले॥६॥ सापराद्धं न मुञ्चेत्तु पञ्चवक्त्रं हनूमतम्। यं यं चिन्तयते कामं तं तं प्राप्नोत्यसंशयम्॥७॥ ॐ हं हनुमते नमः॥ ॐ हं हनुमते नमः॥ ॥ श्री राम, जय राम, जय जय राम ॥ ॥ श्री राम, जय राम, जय जय राम ॥ ॐ पञ्चमुखि हनुमते नमः॥ ॐ रक्ष रक्ष हनुमते नमः॥ ॐ हं हनुमते रुद्रावताराय नमः॥ ॐ पञ्चमुखि हनुमते नमः॥ Your Queries: Panchmukhi Hanuman Kavach Hanuman Kavach, Panchmukhi Hanuman Hanuman Mantra Hanuman Bhajan Hanuman Chalisa Hanuman Aarti Sankat Mochan Jai Hanuman Bajrangbali Bhakti Sanatan Mantra Powerful Hanuman Stotra Hanuman Devotional Song Bhakti Music Lord Hanuman Protection Mantra Panchmukhi Hanuman Song Hanuman Kavach Hindi ram bhagat gyan #HanumanKavach #PanchmukhiHanuman #HanumanBhajan #HanumanChalisa #HanumanMantra #HanumanBhakti #HanumanJayanti #DevotionalSongs #HanumanStotra #HanumanBhajanH