Перейти к содержимому

यीशु की कृपा का अनुभव करें इन भजनों से | Jesus New Prarthna | Yeshu Ke Geet | Parmeshwar Bhajan

Mercy of Yeshu

0:00 / 0:00

यीशु की कृपा का अनुभव करें इन भजनों से | Jesus New Prarthna | Yeshu Ke Geet | Parmeshwar Bhajan

1 970 просмотров · 4 дня назад
Mercy of Yeshu
55,4 тыс. подписчиков
1 970 просмотров · 4 дня назад
यीशु की कृपा का अनुभव करें इन भजनों से | Jesus New Prarthna | Yeshu Ke Geet | Parmeshwar Bhajan जीसस क्राइस्ट (Jesus Christ) एक महत्वपूर्ण व्यक्ति है जिनका जन्म परंपरागत रूप से ईसा मसीह (Jesus Christ) के नाम पर माना जाता है और उनका जीवन और शिक्षाएँ बाइबल के नये और पुराने नियम के अनुसार विवरणित हैं। उन्हें ईसाइयों के प्ररूप के रूप में माना जाता है, जिन्होंने यहूदी लोगों के धर्म को सुधारने का काम किया था। बाइबल के अनुसार, जीसस क्राइस्ट का जन्म कुछ 2,000 साल पहले बेथलेहेम में हुआ था। उन्होंने भगवान के पुत्र के रूप में उत्तराधिकारी के रूप में अपने आप को प्रकट किया और विभिन्न उपदेश दिए। उनके उपदेश और कार्यों का मुख्य उद्देश्य मानवता की रक्षा और धर्मिक जीवन को सुधारना था। उन्होंने भगवान के प्रति विश्वास को बढ़ावा दिया और प्यार और करुणा का संदेश दिया। जीसस क्राइस्ट का क्रूसीफिक्सन (उनकी छद्मावस्था करने का कार्य) और उनकी मृत्यु के बाद उनकी उत्तराधिकार के बारे में भी बाइबल में विवरण है। उनकी मृत्यु के बाद, उनके अनुयायी मानते हैं कि उन्होंने मृत्यु के बाद जी उठकर फिर से जीवित हो गए और उनका संदेश पुरे विश्व में फैलाया। जीसस क्राइस्ट का उपदेश और उनकी कथाएँ हिन्दू, इस्लाम, और बहुत सी अन्य धर्मों के भक्तों के लिए भी महत्वपूर्ण हैं, और उन्होंने दुनिया भर में अनगिनत लोगों के जीवनों को प्रभावित किया है। उनका जन्म क्रिसमस के रूप में मनाया जाता है, और उनकी मृत्यु और जीवन के घटनाक्रम पास्का (Easter) के रूप में मनाए जाते हैं।