हवा बदल चुकी है | लेखिका:मैत्रेयी पुष्पा |Maitreyi Pushpa Ki Kahani
Sahitya Nidhi
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हवा बदल चुकी है | लेखिका:मैत्रेयी पुष्पा |Maitreyi Pushpa Ki Kahani
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मैत्रेयी पुष्पा( Maitreyi Pushpa, जन्म- 30 नवम्बर, 1944, अलीगढ़, उत्तर प्रदेश) हिंदी की प्रसिद्ध साहित्यकार हैं। उन्हें हिन्दी अकादमी, दिल्ली की उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। मैत्रेयी पुष्पा ने अपनी लेखनी में ग्रामीण भारत को साकार किया है। उनके लेखन में ब्रज और बुंदेल दोनों संस्कृतियों की झलक दिखाई देती है।
मैत्रेयी पुष्पा एक प्रतिष्ठित हिंदी लेखिका हैं।
मैत्रेयी पुष्पा ने अपनी लेखनी से जिस बेबाकी तौर से इस भ्रष्ट, अश्लील, पुरुषप्रधान समाज का चित्रण किया है तथा नारी संबंधी समस्याओं का उजागर तो किया सथा ही उनका निवारण भी अपनी लेखनी से व्यक्ति किया है, इसी अनोखे लेखन को पाठकों ने सराहा है। लेखन की सरल, सुगमता, सौंदर्यता के फलस्वरूप उन्हें अनेकों पुरस्कारों से सम्मानित किया गया है।