Перейти к содержимому

श्रीमद्भगवद्गीता अध्याय 3 | कर्मयोग - संपूर्ण 43 श्लोक | Bhagavad

सनातन संस्कृत शिक्षा

0:00 / 0:00

श्रीमद्भगवद्गीता अध्याय 3 | कर्मयोग - संपूर्ण 43 श्लोक | Bhagavad

32 просмотра · 11 дней назад
सनातन संस्कृत शिक्षा
27 подписчиков
32 просмотра · 11 дней назад
जय श्री कृष्ण! 🙏 श्रीमद्भगवद्गीता के तृतीय अध्याय - कर्मयोग के संपूर्ण 43 श्लोकों का शुद्ध संस्कृत पाठ है इस अध्याय में भगवान श्रीकृष्ण समझाते हैं: कर्म न करने से कर्म करना श्रेष्ठ क्यों है? यज्ञ और कर्म का संबंध आसक्ति रहित कर्म कैसे करें? अगर आप गीता सीखना चाहते हैं तो इस अध्याय को अंत तक देखें। --- 📖 वक्ता: दिव्य कृष्ण त्रिपाठी 🎥 चैनल: सनातन संस्कृत शिक्षा