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श्रवण से मंगल होता है...पर क्या होता है...कैसे होता है???

Shree Harivansh Pran Dhan Mere

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श्रवण से मंगल होता है...पर क्या होता है...कैसे होता है???

9 709 просмотров · 5 дней назад
Shree Harivansh Pran Dhan Mere
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क्या आप भी सालों से सत्संग सुन रहे हैं, कथा में जाते हैं, फिर भी लगता है कि भगवान से वो जुड़ाव नहीं बन पाया जो होना चाहिए था? इस सत्संग में एक बहुत गहरी बात समझाई गई है — "श्रवण मंगलम्", यानी सुनने मात्र से मंगल होता है। पर सवाल यह है कि सिर्फ सुनने से क्या सच में मंगल हो जाता है, या उसके आगे भी कुछ ज़रूरी है? इस वीडियो में जानिए: श्रवण से मंगल होने का असली अर्थ क्या है सुनने के बाद चिंतन और मनन क्यों ज़रूरी है "पाप मुक्त होना" वास्तव में किसे कहते हैं क्यों जीवन में एक स्पष्ट लक्ष्य होना अनिवार्य है कथा सुनकर भी जीवन क्यों नहीं बदलता, और असली बदलाव कैसे आता है अगर आप भी वर्षों से सत्संग सुन रहे हैं और अंदर से यह महसूस करते हैं कि कुछ अधूरा है, तो यह सत्संग आपके लिए है।