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जाग मुसाफिर चेत जरा तू, क्यों तू गहरी नींद सोए। 🥀

Kabir ke Doha

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102 просмотра · 8 дн. назад
Kabir ke Doha
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जाग मुसाफिर चेत जरा तू, क्यों तू गहरी नींद सोए।