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p and m mall by debansu kishor prabhat

Diwaanshu Prabhat

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p and m mall by debansu kishor prabhat

7 059 просмотров · 12 лет назад
Diwaanshu Prabhat
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पटना का पी एंड एम मॉल जो जैसा भी, शहर का खास म खास बन चुका है ये, प्रकाश झा इसके नायक हैं और रहेंगे...लेकिन बेतिया में मॉल बनाने का ख्वाब झा जी पूरा नहीं कर पाए, बात साल 2009 की...लोगों को मुंगेरी लाल के हसीन सपने दिखाए गए....कहा गया जनाब मॉल खुलेगा...ख्वाबों का टूटना दर्द की सिलवटों में पनपती छटपटाहट की बयार है...शाहजहां का बसाया शहर बेतिया अपने लाल के धोखे पर शर्मिदा है...कहां तो लोगों ने सपने बांधे थे...कि शहर का अपना प्यारा मॉल होगा...रोजगार मिलेगा...घर चलेगा...पर उमंगों में पलीता लग गया...सपने चाक हो गए...पहले मॉल बनाने का ढ़िढोरा पूरे शहर में पीटा गया...फिर लोगों से औने-पौने दामों में जमीन खरीदी गई...आनन फानन में उसकी घेराबंदी हुई...लगे हाथ मॉल बनने का बोर्ड टांग दिया गया...पर असल में मॉल यहां बनना ही नहीं था...सो बना भी नहीं...जमीन को मोटी रकम में बेचकर मोटी कमाई की...प्रकाश झा बेतिया ही नहीं, बिहार के और भी कई इलाकों में लोगों को रोशनदान दिखाकर अंधेरा थमा चुके हैं...