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झरने//हुस्न तबस्सुम निहाँ की लिखी कहानी//Jharne//story written by Hushn Tabssum Nihaan

सरितसागर

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झरने//हुस्न तबस्सुम निहाँ की लिखी कहानी//Jharne//story written by Hushn Tabssum Nihaan

410 просмотров · 2 месяца назад
सरितसागर
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हुस्न तबस्सुम निहाँ (जन्म: 8 जनवरी, 1976) समकालीन हिंदी साहित्य की एक बेहद सशक्त, संवेदनशील और चर्चित लेखिका हैं। उत्तर प्रदेश के नानपारा (बहराइच) में जन्मी डॉ. निहाँ ने अपनी शिक्षा (अंग्रेज़ी, हिन्दी, समाजशास्त्र) महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पूरी की। वे अपने नारीवादी और यथार्थवादी लेखन के लिए जानी जाती हैं। [1, 2, 3] उनकी प्रमुख साहित्यिक यात्रा इस प्रकार है: प्रकाशित कृतियाँ उपन्यास: 'फिरोजी आँधियाँ', 'विष सुन्दरी उर्फ सूरज बाई का तमाशा', और 'कामनाओं के नशेमन'। [1] कहानी-संग्रह: 'नीले पंखों वाली लड़कियाँ', 'नरगिस फिर नहीं आएगी'। [1] प्रमुख कहानियाँ: 'अवैध सुख', 'झरने', 'सूने समंदर और किनारे', और 'ये डूबना साहिलों पे' काफी लोकप्रिय हैं। #story #storytelling #sahitya #manohar #emotionalstory #motivational #moralstories #hindimotivation #hindimoralstoryhorror #hindishorts #hindistories #hindimotivationalquotes #saasbahu #family #familykahani