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टॉर्च से आरती करने वालों जो कहते हैं पंचम काल में साधु नहीं होते वह अवश्य सुने

जैन संतवाणी

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टॉर्च से आरती करने वालों जो कहते हैं पंचम काल में साधु नहीं होते वह अवश्य सुने

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जैन संतवाणी
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टॉर्च से आरती करने वालों जो कहते हैं पंचम काल में साधु नहीं होते वह अवश्य सुने भूल कर भी कभी ना करें यह कार्य! वरना आपकी किस्मत... महिलाएं ध्यान दे यह वस्तु कभी घर मे खत्म न हो आज जॉब करने वालों की शादी हो रही है लेकिन व्यापार करने वालों की शादी नहीं हो रही धन की रक्षा के लिए तिजौरी कक्ष कहाँ बनाये वास्तु शास्त्र ऐसी माला फेरो।तुम्हारी तिजोरीयों के भंडार भर जाएंगे।सिद्धियां प्राप्त होगी ।सुधा सागर जी महाराज। मंदिर के धोती दुपट्टे पहनकर अभिषेक पूजन करने वाले जरूर सुनें हो जाओगे गरीब अगर ये गलती की तो मंदिर में हम शुद्ध वस्त्र पहनते हैं वह अगर चटाई से छू जाए तो हम अशुद्ध हो जाएंगे क्या कपूर के साथ क्या जलाने से सुख समृद्धि और शांति आती है “रसोई की सही दिशा कौन-सी?” “वास्तु का ये नियम जानें!” सुगन्ध दशमी की कथा  यदि आप भी बुलौआ से स्टील के बर्तन की भेंट लाते हैं तो जरूर सुने क्या परेशानी झेलनी पड़ेगी जो महिलाएं सिंदूर, बिंदी चूड़ी,बिछुड़ी,पायल नहीं पहनती वे यह वीडियो जरूर देखें कौन- सा व्यापार किस दिशा की दुकान में करें?। वास्तु शास्त्र महिलाएं गर्भ ग्रह में नहीं जा सकती भगवान का अभिषेक नहीं कर सकती तो फिर साधुओं को आहार कैसे करा सकती उतारे हुए कपड़ों का क्या ना करें पाद प्रक्षालन हेतु श्रावक ने आचार्य श्री के अंगूठे पर फोड़ दिया नारियल घर में बरांडा और सीढ़ियां कैसे बनी है पर्वरराज पर्यूषण पर्व पर्यूषण पर्व में घर में करें इन नियमों का पालन आपके ऊपर कर्ज है तो करें यह उपाय मुख्य द्वार पर दीपक जलाने के लाभ जिनको पसीना अधिक आता है वह जरूर सुने.. लव मैरिज की सोचने वाले उनके माता-पिता जरूर सुनें घर में देखें यह निशान तुरंत संभल जाओ! तीन प्रकार के बर्तन कभी भी उल्टा ना रखें दुष्ट पत्नी और क्लेश क्यों मिलते हैं क्या शादी से पहले कुंडली मिलाना आवश्यक है यदि ऐसा विवाह करें तो कुंडली मिलाना जरूरी नहीं है इस पर्यूषण पर्व में लें ये छोटे छोटे नियम आपको भी उपवास करने का पुण्य मिलेगा घर का मुख्य द्वारा, क्या आप नरक का दरवाजा खोल रहे हैं' जैन आगम के पांच नियम', देहरी का महत्व बिना तोड़े फोड़े बन चुके मकान का वास्तु सुधार शरीर में काला धागा कहां ना पहने उधार पैसा ना आने पर लिखे यह लकी नंबर नमक से व्यापार वृद्धि पड़ोसी को यह 3 चीजें कभी ना दें संसार में रहने की विधि शीघ्र विवाह के लिए करें यह उपाय रुके हुए पैसों को वापस पाने का उपाय क्या आप वर्षों से गलत मंत्र का जाप कर रहे हैं - बिमारिया होने से कैसे बचे यदि आपके जीवन में बार-बार असफलता आ रही है तो यह है 5 चीज हटा दीजिए -- गुरु माॅं विन्ध्य श्री माता जी खाना खाते समय ये गलती कभी न करें! जैन आचार्य सुनील सागर ने जिस पाटे पर बैठकर की सामायिक उस पर छप गये उनके चरण क्या आप भी ब्लड प्रेशर से परेशान है करें उपाय भगवान की ठीक सामने से दर्शन कभी नहीं करना, कारण जान होंगे हैरान जैन आचार्य निर्भय सागर से दान देने से बचने का उपाय'  बीमार ना पड़ना हो तो यह सुन लेना भगवान की परिक्रमा लगाते समय हमें क्या बोलना चाहिए मंदिर में की जाने वाली सबसे बड़ी गलती से बचें क्या आपके बाल गिरते हैं तो करें उपाय माला फेरते हुए यदि मन ना लगे तो क्या करें माला फेरने का सही तरीका क्या है कोलेस्ट्रॉल की समस्या है करें सरल उपाय कुछ महाराज जी पंखे कूलर का उपयोग करते है तो ऐसे में हमें क्या करना चाहिए जानिए मंत्र जाप से पापों ना नाश कैसे होता है समय न हाने पर भक्तामर स्त्रोत के यही 8 काब्य ही क्यों पढ़ने हैं 45 नंबर का काव्य असाध्य बीमारोयों को ठीक करने के लिए पढ़ते हैं फिर भी लाभ नहीं मिलता क्यों जो व्यक्ति व्यस्त हैं वो भक्तामर स्तोत्र के 8 काव्य पढ़ सकते हैं वो 8 काव्य कौन से हैं? क्या होता है भगवान की स्तुति करने से भक्तामर स्तोत्र सबसे प्रसिद्ध स्तोत्र क्यों भक्तामर स्तोत्र की रचना की कहानी जब जीवन में ज्यादा समस्याएं आने लग जाएं तो बस एक काम करना है जब भी आपको घबराहट हो तो बस आपको एक काम करना है नजर लगी है कैसे पता चलेगा और नज़र उतारने का उपाय रावण बड़ा पापी फिर भी भगवान बनेगा... क्यों पंचम काल में किस आचार्य ने साक्षात अरहन्त भगवान के दर्शन किए क्या आप जानते हैं कुंद-कुंद आचार्य सर्वमान्य आचार्य क्यों हैं सुदामाजी निर्धन क्यों हो गए थे स्त्री पर्याय का छेदन कैसे कर सकते हैं जब भी आप मंदिर आएं तो दो बातों का ध्यान जरूर रखें बाल काटने और नाखून काटने के बाद कितने समय तक अभिषेक नहीँ कर सकते और न ही द्रव्य चढ़ा सकते हैं एक श्रावक की क्या परिभाषा है संसारी प्राणी की अंतिम यात्रा में तीन चीजें ही क्यों जनकी जाती है भगवान की शांतिधारा एक ही व्यक्ति को करनी चाहिए कि बीच-बीच में हाथ लगाते रहना चाहिए शांतिधारा के अंत में जो छंद पढ़ते हैं उसकी चौथी लाइन में शांति पढ़ा जाता है या शांतिम भगवान पार्श्वनाथ की प्रतिमा पर अभिषेक कहाँ होना चाहिए मस्तक पर अभिषेक करने के बाद चरणों और कंधों पर अभिषेक कर सकते हैं या नहीं अभिषेक के समय 9 स्थानों पर चंदन क्यों लगाया जाता है शांतिधारा के बाद अभिषेक करना चाहिए या नहीं गंदोधक कब लेना चाहिए मंदिर में तेज आवाज में पढ़ने से क्या होता है अभिषेक करते समय सिर ढकना चाहिए | क्यों? किस प्रकार का नियम लेने से वह त्याग और दान में जाता है मंदिर से घर वापस कैसे जाते हैं और क्या बोलते हैं एवं देव दर्शन की पूरी विधि संक्षेप में अर्हम का पाठ कायोत्सर्ग कहाँ से करना है और क्यों? देव दर्शन की पूरी विधि नमः शब्द का मतलब भावार्थ क्या है? मंदिर में द्रव्य कितने पुंज चढ़ाना चाहिए हम द्रव्य लेकर मंदिर क्यों जाते हैं विनम्र सागर जी महाराज के प्रवचन सुयोग्य नंदिनी माताजी के प्रवचन सुधा सागर जी महाराज के प्रवचन विद्यासागर जी महाराज के प्रवचन शंका समाधान जैन भजन मेरी भावना #jain #jainism #motivation #temple #जैनधर्म #jainbhajan #nitinjain #jainsantvani #adbhutgyan @jainsantvani @nitjain2608