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सबसे बड़ा आदिवासी मेला || Kachargad mela 2026

brsvlog1993

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सबसे बड़ा आदिवासी मेला || Kachargad mela 2026

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आदिवासियों की देवभूमि कोयली कचारगढ़ जहां मनुष्य और देवत्व का होता है साक्षात्कार भारत में अनेक कृत्रिम नैसर्गिक स्थान एवं गुफाएं हैं जो पाषाणकालीन और ताम्रयुगीन हैं लेकिन कोयली कचारगढ़ जैसा नैसर्गिक और प्रकृतिक स्थान कहीं भी नही हैं । आदिवासियों की देवभूमि कोयली कचारगढ़ जहां मनुष्य और देवत्व का साक्षात्कार होता है. आचार्य कंगाली जी ने सर्वप्रथम सन 1984 में गोंडी सप्तरंगी ध्वजा फहराकर कचारगढ़ जतरा की शुरूआत की तब से लगातार यहां प्रतिवर्ष 5 दिनों तक सम्पूर्ण देश के अलग-अलग राज्यों के आदिवासी लाखों की तादाद में आते हैं Mela Date : 30 jan to 3 feb 2026 एशिया की सबसे बडी गुफा कचारगढ़ का अंदरूनी भाग कचारगढ़ एक पवित्र धार्मिक और प्राकृतिक स्थान है, जो सालेकसा तहसील में सालेकसा से 7 किमी की दूरी पर और गोंदिया ज़िला मुख्यालय से 55 किमी दूर पर स्थित है। गोंदिया-दुर्ग रेलवे मार्ग पर स्थित सालेकसा स्टेशन से, दरेकसा-धनेगाव मार्ग होते हुए लोग यहाँ पहुंचते हैं। दरेकसा मार्ग से कचारगढ़ महज़ सात किलोमीटर की दूरी पर स्थित है. #kachargadmela2026 #Kachargadmela #adivasimela #kachargadcave