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एक माँ की दर्द भरी कहानी || Ek maa ke sad 😔 story || Moral of the story ♥️

Ziddi Ramishvar

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एक माँ की दर्द भरी कहानी || Ek maa ke sad 😔 story || Moral of the story ♥️

2 просмотра · 4 дн. назад
Ziddi Ramishvar
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एक माँ की दर्द भरी कहानी || Ek maa ke sad 😔 story || Moral of the story ♥️ thanks for watching 👏 ❣️ maa बहुत ही सुंदर पंक्तियाँ पेश है- एक डोली चली एक अर्थी चली......., बात दोनों में कुछ इस तरह से चली, बोली डोली तुम्हे किसने धोका दिया, कहाँ तू चली...?? अर्थी बोली चार तुझमे लगे, चार मुझमे लगे (कंधे) फुल तुझपे सजे, फुल मुझपे सजे, फर्क इतना ही है अब सुन ले सखी, तू पिया को चली मै प्रभु को चली ......../मांग तेरी भरी, मांग मेरी भरी, चूड़ी तेरी हरी, चूड़ी मेरी हरी, फर्क इतना ही है अब सुन ले सखी.. तू जहाँ में चली, मै जहाँ से चली.......//एक सजन तेरा खुश हो जायेगा एक सजन मेरा मुझको रो जायेगा, फर्क इतना ही है अब सुन ले सखी,, तू विदा हो चली मै अलविदा हो चली ......./// हल्दी तुम्हारे नाम की। हथेली मेरी, मेंहदी तुम्हारे नाम की। सिर मेरा, चुनरी तुम्हारे नाम की। मांग मेरी, सिन्दूर तुम्हारे नाम का। माथा मेरा, बिंदिया तुम्हारे नाम की। नाक मेरी, नथनी तुम्हारे नाम की। गला मेरा मंगलसूत्र तुम्हारे नाम का। कलाई मेरी, चूड़ियाँ तुम्हारे नाम की। पाँव मेरे, महावर तुम्हारे नाम की। उंगलियाँ मेरी, बिछुए तुम्हारे नाम के। बड़ों की चरणवंदना मैं करूँ, और सदा सुहागन का आशीष तुम्हारे नाम का। और तो और करवाचौथ, बड़मावस के व्रत भी तुम्हारे नाम के। यहाँ तक कि कोख मेरी, खून मेरा, दूध मेरा, और बच्चा तुम्हारे नाम का। घर के दरवाजे पर लगी नेमप्लेट तुम्हारे नाम की। और तो और मेरे अपने नाम के सम्मुख लिख गोत्र भी मेरा नहीं तुम्हारे नाम का। सब कुछ तो तुम्हारे नाम का नम्रता से पूछती हूँ आखिर तुम्हारे पास क्या है मेरे नाम का। पत्नी ने पति से पुछाः अपनी मां और मेरे में से किसे चुनेंगे आप? पति ने कहाः माँ को क्यूकी में नहीं चाहता कल को मेरा बेटा पत्नी के लिए अपनी माँ को छोड.दे..! The way you love your parents, your children will love you in the same way. This is the give and take. This is heaven. This is hell. Just understand the difference #Zidd ramishvar