रक्षाबंधन विशेष: द्रौपदी की वो रेशमी साड़ी और श्री कृष्ण का वस्त्र अवतार!
• सादा जीवन • उच्च विचार • अच्छे संस्कार •
0:00 / 0:00
रक्षाबंधन विशेष: द्रौपदी की वो रेशमी साड़ी और श्री कृष्ण का वस्त्र अवतार!
201 просмотр · 12 дней назад
• सादा जीवन • उच्च विचार • अच्छे संस्कार •
55 подписчиков
201 просмотр · 12 дней назад
यह विवरण आपके वीडियो के एक-एक भाग को पूरी सत्यता के साथ दर्शाता है। इसके मुख्य खंड निम्नलिखित हैं जो पूरी फाइल में विस्तृत रूप से लिखे गए हैं:
भाग १: प्रस्तावना और बाल संस्कार केंद्र का परिचय: रक्षाबंधन के गहरे सांस्कृतिक अर्थ और ऋषियों के प्रति कृतज्ञता की चर्चा
।
भाग २: योगासन और त्रिबंध प्राणायाम: ताड़ासन
, वृक्षासन
की पूर्ण विधि व लाभ तथा मूल बंध, उड्डियान बंध और जालंधर बंध के साथ किए जाने वाले सगभा प्राणायाम का अद्भुत आध्यात्मिक व शारीरिक महत्व
।
भाग ३: श्री कृष्ण के वस्त्र अवतार की मुख्य कथा: युधिष्ठिर के राजसूय यज्ञ में अग्रपूजा
, शिशुपाल का 101वां अपराध और वध
, श्री कृष्ण की घायल उंगली पर द्रौपदी का साड़ी का टुकड़ा बांधना
, और बाद में कौरवों की सभा में पूर्ण समर्पण पर भगवान द्वारा वस्त्र अवतार लेकर द्रौपदी की लाज बचाना
।
भाग ४: वैदिक राखी बनाने की विधि और मुहूर्त: वर्ष 2026 में रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त (28 अगस्त, सुबह 5:57 से 9:48 तक)
, तथा दूर्वा, अक्षत, केसर, चंदन और पीली सरसों का उपयोग करके वैदिक राखी बनाने की प्रामाणिक विधि
।
भाग ५: श्रावणी पूर्णिमा का पौराणिक महत्व: सामवेद का प्राकट्य
, ब्राह्मणों का जनेऊ परिवर्तन
, समुद्री नाविकों की समुद्र पूजा
, श्रवण कुमार प्रसंग
, इंद्र-शची राखी कथा
, कुंती-अभिमन्यु राखी प्रसंग
और लक्ष्मी जी व राजा बलि की कथा
।
भाग ६: पूज्य बापूजी का पावन सत्संग संदेश: समाज में विकारों व कुदृष्टि से रक्षा के लिए रक्षाबंधन का महत्व
, लोकमन्या तिलक का यूरोप का संस्मरण
, संकल्प शक्ति
और महामृत्युंजय मंत्र के साथ अभिमंत्रित रक्षासूत्र के लाभ
।