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Bandit Queen | Phoolan देवी | फूलन देवी के डाकू से क़त्ल तक की कहानी Jalaun Kanpur Behmai dacoit

Usman Saifi Safar

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Bandit Queen | Phoolan देवी | फूलन देवी के डाकू से क़त्ल तक की कहानी Jalaun Kanpur Behmai dacoit

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Usman Saifi Safar
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EP 342 उत्तर प्रदेश के जिला जालौन के गुरहा का पुरवा में 10 अगस्त 1963 फूलन देवी का देवीदीन के घर पर जन्म हुआ। मां मूला देवी की बेटी फूलन देवी की 11 वर्ष की उम्र में महेशपुर की मढ़ैया के रहने वाले पुत्तीलाल से शादी हो जाती है। इसके बाद फूलन देवी डकैतों के गैंग में शामिल हो जाती हैं। जहां विक्रम मल्लाह के बहुत करीब आ जाती हैं, लेकिन श्रीराम, लालाराम ने फूलन देवी के साथ बहुत बड़ा अन्याय किया। इनके अत्याचार के बाद बेहमई का मामला हो जाता है। इंदिरा गांधी के प्रयास से फूलन देवी सरेंडर करती हैं, जिसके बाद 11 साल जेल में रहने के बाद पेरौल पर बाहर आती हैं। इसके बाद मुलायम सिंह यादव उन पर लगे सभी मुकदमों को वापस ले लेते हैं। वह मिर्जापुर की सांसद चुनी जाती हैं।