Перейти к содержимому

कामधेनु गौमाता - EP 5 - माँ कामधेनु ने वशिष्ठ को चुना अपना पुत्र | तिलक | 4K

Tilak

0:00 / 0:00

कामधेनु गौमाता - EP 5 - माँ कामधेनु ने वशिष्ठ को चुना अपना पुत्र | तिलक | 4K

51 712 просмотров · 1 мес. назад
Tilak
40,7 млн подписчиков
51 712 просмотров · 1 мес. назад
Watch The All Full Episodes of ''Kaamdhenu Gaumata'' Here:    • Kaamdhenu Gaumata | Tilak | Full Episode   माता कामधेनु देवराज इंद्र, दैत्यराज बलि और महर्षि वशिष्ठ की परीक्षा लेने का निश्चय करती हैं। वह तीनों को दूध से भरा एक-एक कलश देती हैं और कहती हैं कि इस दूध को उस व्यक्ति को अर्पित करें, जिससे मैं सबसे अधिक प्रेम करती हूँ। जो इस परीक्षा में उत्तीर्ण होगा, मैं उसके साथ ही रहूँगी। दैत्यराज बलि दूध महादेव के चरणों में अर्पित करते हैं, जबकि इंद्र शिव-पार्वती के अर्धनारीश्वर रूप को दूध चढ़ाते हैं। वहीं, महर्षि वशिष्ठ दूध स्वयं पीकर माता कामधेनु को माँ कहकर संबोधित करते हैं। उनके स्नेहपूर्ण संबोधन से प्रसन्न होकर कामधेनु उन्हें अपना पुत्र स्वीकार कर लेती हैं। इसके बाद वह महर्षि वशिष्ठ के साथ रहने का निर्णय लेती हैं और उनके आश्रम पहुँचती हैं, जहाँ सभी श्रद्धापूर्वक उनका स्वागत करते हैं। Maa Kamadhenu tests Indra, Bali, and Maharshi Vashishtha by giving them milk to offer to the one she loves most. Bali offers it to Lord Shiva, while Indra offers it to the Ardhanarishvara form of Shiva and Parvati. Vashishtha drinks the milk himself and calls Kamadhenu his mother. Touched by his love, she accepts him as her son and chooses to stay with him at his ashram." On Lord Brahma’s orders, the Sur's and Asur's resume the ocean churning, and Mata Kamadhenu appears. She pours her divine milk over Lord Shiva, cooling the heat of the Halahal poison. Lord Shiva blesses those who offer him milk, while Lord Krishna declares that all 33 koti deities reside in Kamadhenu. Soon, both Surs and Asurs wish to have her with them." Halahal puts the entire universe in danger. Lord Shiva drinks it to save everyone and becomes Neelkanth, but the poison starts affecting him badly. When even Lord Brahma fails to help, Lord Krishna reveals that only Mata Kamadhenu can calm the poison burning inside Shiva. "जो समुद्र मंथन से प्रकट हुए 14 रत्नों में से एक हैं, श्रीकृष्ण के हृदय में विराजमान हैं, मनवांछित वर प्रदान करती हैं, दुष्टों का संहार और संतों का उद्धार करती हैं तथा ऋषि-मुनियों की पूजनीय हैं, वह हैं माता कामधेनु! माता कामधेनु सृजन, समृद्धि और कल्याण की देवी हैं। समुद्र मंथन से प्रकट होकर उन्होंने समस्त लोकों के पालन-पोषण का दायित्व संभाला। उनका महात्म्य ऐसा है कि वे भगवान श्रीकृष्ण से लेकर ऋषि-मुनियों तक के हृदय में युगों-युगों से विराजमान हैं। माता कामधेनु की कृपा से जीवन में सौभाग्य के बंद द्वार खुल जाते हैं। माता कामधेनु की यह महागाथा उनके मातृत्व की ममता, महिमा और दिव्यता का प्रतिबिंब है। यह शो मुख्य रूप से निम्नलिखित ग्रंथों पर आधारित है— गौ अंक हरिवंश पुराण विष्णु पुराण गरुड़ पुराण श्रीमद्भागवत महापुराण ब्रह्मवैवर्त पुराण स्कंद पुराण शोध श्रीकांत विश्वकर्मा विनय द्विवेदी कहानी प्रेम सागर एवं शिव सागर पटकथा श्रीकांत विश्वकर्मा संवाद विनय कुमार संगीत सूर्य राज कमल शीर्षक गीत सतीश देहरा बैकग्राउंड संगीत लेनिन नंदी गीतकार सुरेश तिवारी पोस्ट हेड रॉबिन शर्मा क्रिएटिव डायरेक्टर शिव सागर एसोसिएट क्रिएटिव डायरेक्टर अभिषेक चौबे छायांकन निर्देशक (डीओपी) प्रकाश जनार्दन शिंगाड़ द्वितीय इकाई निर्देशक धवल दर्जी निर्देशक राकेश रामनलाल व्यास निर्माता प्रेम सागर नीलम सागर शिव सागर सेलेक्ट मीडिया होल्डिंग्स कलाकार हरलीन कौर — गौ माता कामधेनु विशाल नायक — कृष्ण नेहा परदेशी — राधा अनमोल सोनी — महादेव संदीप मोहन — वशिष्ठ सुगंधा — अरुंधती प्रियांशी रघुवंशी — पार्वती ज्ञानेश्वर कुमार राय — ब्रह्मा रोहित देवड़ा — इंद्र अलिका नायर — शची आकाश सिसोदिया — बलि शुभम सेहरावत — विश्वरथ हरमिंदर कौर — विश्वरथ की पत्नी मनदीप कौर — गंगा शेखर मेहता — शांतनु देवानंद पाठक — परशुराम " #kaamdhenu#gaumata#kaamdhenugaumata#Tilak#sagarworld